देहरादून: दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे पर पिछले कुछ समय में लगातार बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं को देखते हुए परिवहन विभाग पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। विभाग ने इस मार्ग पर सफर करने वाले तमाम वाहन चालकों के लिए एक विस्तृत और बेहद जरूरी सुरक्षा एडवाइजरी जारी की है। इस दिशा-निर्देश में साफ तौर पर आगाह किया गया है कि रफ्तार के इस सफर में जरा सी भी चूक या लापरवाही बेहद जानलेवा साबित हो सकती है। इसी वजह से विभाग ने आम जनता से पुरजोर अपील की है कि एक्सप्रेस-वे पर चढ़ने से ठीक पहले अपने वाहनों की तकनीकी जांच अच्छे से कर लें और यात्रा के दौरान यातायात के नियमों का हर हाल में पूरी कड़ाई के साथ पालन करें।

रूट की प्लानिंग और गति सीमा का ध्यान रखना जरूरी

इस महत्वपूर्ण गाइडलाइन के संबंध में जानकारी देते हुए उप परिवहन आयुक्त शैलेश तिवारी ने बताया कि किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए वाहन चालक अपनी यात्रा शुरू करने से पहले ही एक्सप्रेस-वे पर एंट्री (प्रवेश) और एक्जिट (निकास) के पॉइंट की पूरी योजना एडवांस में बना लें ताकि बीच सफर में कोई भ्रम न हो। इसके साथ ही उन्होंने स्पष्ट किया कि एक्सप्रेस-वे पर तय की गई रफ्तार की सीमा का उल्लंघन किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस मार्ग पर कारों के लिए अधिकतम स्पीड 100 किलोमीटर प्रति घंटा और भारी कमर्शियल वाहनों के लिए 80 किलोमीटर प्रति घंटा तय की गई है। इस नियम को बेहद गंभीरता से लागू करने के लिए पूरे एक्सप्रेस-वे पर आधुनिक इलेक्ट्रॉनिक कैमरे लगाए गए हैं, जो तेज रफ्तार गाड़ियों को ट्रैक कर सीधे उनके ऑनलाइन चालान काट रहे हैं।